आवेदन हेतु महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश
नोट : समस्त अभ्यर्थी / प्रवेशार्थी आवेदन फार्म भरने से पूर्व प्रवेश विवरणिका तथा इन दिशा –निर्देशों का भली भांति अवलोकन कर ले |
1. समस्त अभ्यर्थियों के लिए प्रवेश आवेदन हेतु रजिस्ट्रेशन करना अनिवार्य है |
2. रजिस्ट्रेशन करने के उपरांत अभ्यर्थी को Pay Registration Fee पर क्लिक करके आवेदन शुल्क का ऑनलाइन भुगतान करना होगा । तत्पश्चात Complete Application Form लिंक पर क्लिक करके अपने प्रवेश आवेदन फ़ार्म को पूर्ण करना होगा ।
3. प्रवेश आवेदन फ़ार्म अपूर्ण रहने की दशा में रजिस्ट्रेशन निरस्त कर दिया जायेगा ।
4. प्रवेश आवेदन फ़ार्म को पूर्ण करने के उपरांत उसका प्रिंट आउट निकाल कर समस्त संलग्नकों के साथ निर्धारित समयावधि के अन्दर महाविद्यालय कार्यालय में अनिवार्य रुप से जमा करना होगा। आवेदन फ़ार्म न जमा करने की दशा में आवेदन निरस्त कर दिया जायेगा ।
5. परास्नातक प्रथम वर्ष में प्रवेश हेतु निम्नवत स्थान उपलब्ध है :
- परास्नातक वाणिज्य - 50
6. छात्रावास में प्रवेश हेतु पृथक से आवेदन करना होगा |(केवल छात्रों के लिए)
7. आवेदन में किसी प्रकार की त्रुटि / गलती के लिए अभ्यर्थी स्वयं पूर्ण रूप से उत्तरदायी होगा |
8. अभ्यर्थी अपना आधार नं भरते समय विशेष सावधानी रखें | आधार नं. बाद में बदला नहीं जा सकेगा |
9. प्रवेश हेतु आवेदन पत्र का शुल्क रु. 160 + रु.5 (प्रोसेसिंग चार्ज) है जो किसी भी दशा में वापस नहीं किया जायेगा|
10. आवेदन करने से पूर्व अभ्यर्थी आवेदन सम्बन्धी अपनी अहर्ता का स्वयं भलीभांति परीक्षण कर ले अन्यथा की दशा में उनका प्रवेश आवेदन पत्र निरस्त कर दिया जायेगा |
11. वरीयता सुची(मेरिट लिस्ट) महाविद्यालय की वेबसाइट / सूचना पट्ट पर चस्पा कर दी जाएगी | समस्त अभ्यर्थीयों द्वारा वरीयता सूची तथा दिए गये प्रवेश नियमों का भलीभांति अवलोकन कर लिया जायेगा |
12. महाविद्यालय अपने अनुशासन, निष्पक्षता तथा पारदर्शिता के लिए सदैव से जाना जाता है | प्रवेशार्थी को महाविद्यालय के अनुशासन तथा समस्त नियमों का पालन करना होगा, अनुशासनहीनता की दशा में छात्र / छात्रा को महाविद्यालय से निष्काषित किया जा सकता है |
13.महाविद्यालय के प्रवेश सम्बंधीतथा अन्य सूचनाएं महाविद्यालय की वेबसाइट www.ddugpgcsitapur.com ,फेसबुक पेज @ddugpgcsitapur तथा महाविद्यालय के सुचना पट्ट पर प्रकाशित की जाएगी |
14. प्रवेश देने का पूर्ण अधिकार प्राचार्य को है। प्राचार्य बिना कारण बताये प्रवेश अस्वीकार/निरस्त कर सकते है ।
